समाज वीकली यू के
इंडियन वर्कर्स एसोसिएशन (ग्रेट ब्रिटेन) बेलफास्ट और यूनाइटेड किंगडम के अन्य हिस्सों में प्रवासियों, शरणार्थियों और अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ हो रहे नस्लवादी हमलों, धमकियों और हिंसा की कड़ी निंदा करती है।
बेलफास्ट में हाल ही में हुई घटनाओं के दौरान घरों को आग लगा दी गई, परिवारों को अपनी जान बचाने के लिए घर छोड़ने पड़े, गाड़ियों और बसों को जला दिया गया तथा संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया गया। इन घटनाओं में कम से कम 12 पुलिस अधिकारी घायल हुए और 16 लोगों को गिरफ्तार किया गया। ऐसी घटनाओं का किसी भी लोकतांत्रिक और सभ्य समाज में कोई स्थान नहीं है।
किसी भी अपराध की निंदा होनी चाहिए और कानून के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। लेकिन किसी एक व्यक्ति के कथित अपराध को बहाना बनाकर पूरे समुदाय, धर्म या नस्ल को निशाना बनाना पूरी तरह गलत है।
हालिया सरकारी आंकड़ों के अनुसार मार्च 2025 तक के वर्ष में इंग्लैंड और वेल्स में 1,37,000 से अधिक हेट क्राइम दर्ज किए गए। नस्लीय घृणा से जुड़े अपराधों में 6 प्रतिशत और मुस्लिम विरोधी हेट क्राइम में 19 प्रतिशत की वृद्धि हुई। इंडियन वर्कर्स एसोसिएशन (जी.बी.) हिंदू, मुस्लिम, सिख, अश्वेत, एशियाई और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ बढ़ते नस्लवाद को लेकर भी गंभीर चिंता व्यक्त करती है।
एसोसिएशन को इस बात की चिंता है कि अतिदक्षिणपंथी और विभाजनकारी राजनीतिक ताकतें ऐसी दुखद घटनाओं का फायदा उठाकर लोगों के बीच डर, नफरत और विभाजन फैलाने की कोशिश कर रही हैं। इतिहास बताता है कि नस्लवाद, फासीवाद और नफरत की राजनीति ने हमेशा तबाही ही लाई है। असंख्य निर्दोष लोगों ने अपनी जान गंवाई है और अरबों पाउंड की संपत्ति नष्ट हुई है।
इस अवसर पर इंडियन वर्कर्स एसोसिएशन (ग्रेट ब्रिटेन) के महासचिव श्री सीतल सिंह गिल ने कहा:
“ब्रिटेन एक बहुसांस्कृतिक और बहुधार्मिक देश है। इस देश के अधिकांश लोग नस्लवाद और विभाजन की राजनीति को पसंद नहीं करते। आधुनिक ब्रिटेन में नफरत फैलाने वालों के लिए कोई जगह नहीं है।”
“हमें किसी भी दुखद घटना का राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल करने या पूरे समुदायों को निशाना बनाने की अनुमति नहीं देनी चाहिए। प्रवासियों, शरणार्थियों और अल्पसंख्यक समुदायों के अधिकांश लोग कानून का सम्मान करने वाले हैं और ब्रिटिश समाज में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।”
“इतिहास हमें सिखाता है कि नफरत, नस्लवाद और लोगों को एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा करने की राजनीति ने हमेशा दुख, विभाजन और विनाश ही लाया है। असंख्य निर्दोष लोगों की जान गई है और अरबों पाउंड की संपत्ति नष्ट हुई है। हमारा भविष्य विभाजन में नहीं, बल्कि एकता, समानता, आपसी सम्मान और सामाजिक न्याय में है।”
इंडियन वर्कर्स एसोसिएशन (जी.बी.) सभी शांतिप्रिय लोगों, ट्रेड यूनियनों, धार्मिक संस्थाओं, सामुदायिक संगठनों और लोकतांत्रिक शक्तियों से अपील करती है कि वे नस्लवाद, फासीवाद और विभाजन की राजनीति के खिलाफ एकजुट हों।
“एक पर हमला, सब पर हमला है।”
इंडियन वर्कर्स एसोसिएशन (ग्रेट ब्रिटेन)



